सरकार ने छीने 5 महीने में 3 पुलिसकर्मियों के वीरता सम्मान

नईदिल्लीभारतीयसरकारनेपिछले5महीनेमें3पुलिसकर्मियोंकेवीरतामेडलछीनलिएहैं।इसलिस्टमेंपंजाबपुलिसकेसबइंस्पेक्टरगुरमीतसिंह,झारखंडपुलिसकेललितकुमारऔरमुध्यप्रदेशपुलिसकेअडिशनलएसपीधर्मेंद्रचौधरीकानामशामिलहै।इनसभीकेखिलाफआपराधिकऔरभ्रष्टाचारकेमामलेदर्जहैं।गृहमंत्रालयकीओरसेकहागयाकिइनतीनोंनेपुलिसविभागकीगरिमाकोनुकसानपहुंचायाहै।एकअधिकारीकेअनुसार,पंजाबपुलिसकेसबइंस्पेक्टरगुरमीतसिंहको1997मेंवीरतामेडलसेसम्मानितकियागयाथा।गृहमंत्रालयकीनोटिसहैकिउन्हें2006मेंएकहत्याकेमामलेमेंदोषीठहरायागयाथा।मंत्रालयकोइसबारेमें2015मेंपताचला,जिसकीपंजाबपुलिसनेपुष्टिकरदीहै।ऑफिसरनेकहाकिसम्मानितऑफिसरसेउम्मीदकीजातीहैकिवहअपनीप्रतिष्ठाऔरनैतिकचरित्रकोहमेशाक्लीनबनाएरखेंगे।यदिसम्मानितअफसरकेखिलाफकिसीभीप्रकारकाआपराधिकमामलादर्जहोताहैयाभ्रष्टाचारकामामलासामनेआताहैतोकेंद्रसरकारकेपासराइट्सहैंकिअवॉर्डवापसलेसकताहै।दूसरीआरेझारखंडकेललितकुमारसेउनकासम्मानइसीसालजूनमेंछीनागयाथा।उनपरअनुशासनहीनताकाआरोपहैऔरमामलेकीविभागीयजांचचलरहीहै।इसबारेमेंझारखंडपुलिसनेगृहमंत्रालयकाजानकारीदीथी।ऑफिसरनेबतायाकितीसरेऑफिसरयानीमध्यप्रदेशकेअडिशनलएसपीधर्मेंद्रचौधरीद्वाराकिएगएएनकाउंटरकीप्रामाणिकतापरराष्ट्रीयमानवाधिकारआयोगनेसवालउठायाथा।यहीनहींगृहमंत्रालयकोभेजीगईसूचनाकेअनुसार,जिसएनकाउंटरकीवजहसेउन्हेंसम्मानदियागयाथा,उसमेंवेशामिलभीनहींहुएथे।जब2002मेंचौधरीझाबुआमेंतैनातथे,उन्होंनेयहांएकअपराधीकोगोलीमारभीदीथी।