फ्लायर: सब्जी की खेती कर बच्चों का भविष्य संवार रहे कैलाश

कैमूर।प्रखंडक्षेत्रकेचेहरियांगांवनिवासीकैलाशरामसब्जीकीखेतीकरअपनेपरिवारकाभविष्यउज्ज्वलकररहेंहैं।कैलाशरामपिछलेदससालोंसेलगभगएकएकड़खेतमेंसब्जीकीखेतीकरतेचलेआरहेहैं।जिससेअपनेसभीबालबच्चोंसहितअपनाखर्चबड़ेआरामसेचलातेहैं।वेबच्चोंकीपढ़ाईलिखाईकरातेहैं।उनकाबड़ाबेटाइंटरसाइंसकीपढ़ाईभभुआमेंरहकरकरताहैऔरछोटाबेटागांवमेंआठवींकक्षामेंपढ़ताहै।वहींदूसरेभाईरामअवधरामजिनकोदोलड़केतथाएकलड़कीहैजिनकाएकलड़का8वींकक्षाऔरदूसरादसवींकक्षामेंपढ़ताहै।सिर्फसब्जीकीखेतीकरकेहीसबकापालनपोषणकरतेहैं।दोनोंभाईकुलमिलाकरएकएकड़खेतमेंसिर्फसब्जीकीखेतीहरमौसममेंकरतेहैं।

सब्जीकीखेतीमेंखोजलियारोजगार-

चेहरियांगांवकेकैलाशरामनेबतायाकिरोजगारकेलिएकाफीप्रयासकिया।लेकिनकहींकुछनहींमिला।बादमेंगांवमेंहीसब्जीकीखेतीकरनेलगे।सब्जीकीखेतीकरनेमेंलागतकेअलावापरिश्रमकाफीकरनापड़ताहै।वहींपशुओंसेबचानेकेलिएभीकाफीमुसीबतझेलनीपड़तीहै।लेकिनजबसब्जीउगजातीहैतोफायदाअच्छाहोताहै।

आर्थिकरूपसेहोरहेमजबूत-

कैलाशरामवउनकेभाईरामअवधरामदसवर्षसेसब्जीकीखेतीकररहेंहैं।मौसमीसब्जीकीखेतीकरनेसेसब्जीबाहरभीभेजतेहैं।कैलाशरामनेबतायाकिबनारस,चंदौली,मोहनियां,दुर्गावतीआदिस्थानोंपरसब्जीबेचनेकेलिएभेजीजातीहै।जिससेकाफीमुनाफाहोताहै।सब्जीकीखेतीसेजोलाभमिलताहैउससेपरिवारकाभरणपोषणसहितबच्चोंकीपढ़ाईकाखर्चनिकलजाताहैऔरकुछराशिबचभीजातीहै।