फीस का दबाव और नए सत्र को लेकर उलझन

सीतापुर:कोरोनासंक्रमणकोलेकरनयाशैक्षणिकसत्रउलझनकाविषयबनगयाहै।सत्रकबशुरूहोगा,अभीयहस्पष्टनहींहै।उधर,ऑनलाइनक्लासेजऔरमहंगाकोर्सबेचनेमेंमाहिरस्कूलअबफीसअदाकरनेकाभीदबावरहेहैं।ऐसेमेंअभिभावकोंकोदबावझेलनापड़रहाहै।अगरबातस्कूलोंकीहोतोमुश्किलेंउनकेआगेभीहैं।इसमसलेकोलेकरलोगोंकेमनमेंक्याचलरहाहै,हमनेयहटटोलनेकीकोशिशकी।

सितंबरसेशुरूकरेंसेशन

नएसेशनकीशुरुआतसितंबरसेकरें।इसकेबादकुछअवकाशकमकिएजाएं।इससेअगलेएक-दोवर्षोंमेंहमफिरसेअपनासेशनसमयसेशुरूकरपाएंगे।इसअवधिमेंअगरशिक्षकोंकीसैलरीकोलेकरदिक्कतहैतोउसेकाउंटकरअभिभावकोंमेंसमानरूपसेबांटदियाजाए।इससेनतोस्कूलकोपरेशानीहोगीऔरनहीकोईअतिरिक्तबोझअभिभावकोंपरपड़ेगा।

-डॉ.अभिषेकभारती,जेलरोडसीतापुर

जितनीअवधिमेंपढ़ाई,उतनापैसा

स्कूलोंकोअभिभावकोंपरअतिरिक्तबोझनहींडालनाचाहिए।कायदेमेंस्कूलजितनासमयपढ़ाएं,उतनीहीफीसलें।यहीनहीं,स्कूलएनसीईआरटीकीपुस्तकेंचलाकरशिक्षाकेजरियेसेवाकानेकप्रयासकरसकतेहैं।इससे10हजारकेबजायदोहजारमेंपुस्तकेंऔरकॉपीआजाएंगीऔरअभिभावकोंकोराहतमिलेगी।

-आशुतोषबाजपेयी,संयुक्तसचिवप्रशासनिक,बारएसोसिएशनसीतापुर

तीनमहीनेकीफीसमाफकरदें

इसमसलेकोलेकरजिलाधिकारीसेभीमिले।हमचाहतेहैंकिइसमुश्किलघड़ीमेंअभिभावकोंपरअतिरिक्तबोझनडालाजाए।कायदेमेंस्कूलप्रबंधनोंकोतीनमहीनेकीफीसमाफकरदेनीचाहिए।अगरऐसाकरदेंगेतोअभिभावकभीखुदहीअपनेबच्चोंकीफीसजमाकरनेलगेंगे।

-आशीषमिश्र,अध्यक्षजिलाअभिभावकसंघ