केन्द्र ने विशेष अदालतें गठित करने के लिए उपराज्यपालों, प्रशासकों को शक्तियां दीं

नयीदिल्ली,छहदिसंबर(भाषा)केन्द्रसरकारनेकेन्द्रशासितप्रदेशोंकेउपराज्यपालोंऔरप्रशासकोंकोआधारभूतसंरचनापरियोजनाओंसेसंबंधितअनुबंधोंपरफैसलेकेलिएदीवानीअदालतोंकोविशेषअदालतनामितकरनेकीशक्तिप्रदानकीहै।गृहमंत्रालय(एमएचए)नेइससंबंधमेंसोमवारकोएकआदेशपारितकिया।आदेशमेंकहागयाकिसंविधानमेंदीगईशक्तियोंकेअनुरूप,राष्ट्रपतिकानिर्देशहैकिकेन्द्रशासितप्रदेशोंकेप्रशासक(उन्हेंप्रशासककहाजारहाहोयाउपराज्यपाल)अपनेअपनेकेन्द्रशासितप्रदेशोंकेसंबंधमेंविनिर्दिष्टअनुतोषअधिनियम,1963(स्पेसिफिकरिलीफएकट)कीधारा20बीकेतहतराज्यसरकारकेकार्यऔरशक्तियोंकाइस्तेमालकरसकतेहैं।इसकानूनकीधारा20बीकेतहतराज्यसरकारउच्चन्यायालयकेमुख्यन्यायाधीशकेसाथसलाहकरकेआधारभूतसंरचनापरियोजनाओंसेसंबंधितअनुबंधोंकेमामलोंमेंइसकानूनकेतहतवादकीसुनवाईहेतुक्षेत्रकीस्थानीयसीमाओंकेअंतर्गतएकयाएकसेअधिकदीवानीअदालतोंकोविशेषअदालतोंकेरूपमेंगठितकरसकतेहैं।गृहमंत्रालयकेएकअधिकारीनेबतायाकिकुछकेन्द्रशासितप्रदेशोंमेंआधारभूतढांचोंकीपरियोजनाओंसेसंबंधितबड़ीसंख्यामेंमामलोंकेअटकेहोनेकेबीचयहफैसलाकियागयाहै।दिल्ली,चंडीगढ,पुडुचेरी,अंडमाननिकोबारद्वीपसमूह,लक्षद्वीप,दमनऔरदीव,दादरएवंनागरहवेलीमेंउपराज्यपालयाप्रशासकहैं।दिल्लीऔरपुडुचेरीमेंविधानसभाओंकेसाथसरकारेंभीहैं।